Kumari Selja write letter to CM Haryana politics
Haryana Politics: सिरसा की सांसद एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव कुमारी सैलजा ने सिरसा-फतेहाबाद-जींद क्षेत्र के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को पत्र भेजा है। राज्य स्तरीय दिशा समिति की 11 फरवरी 2026 को बैठक आयोजित हुई थी जिसमें सांसद सैलजा व्यक्तिगत रूप से शामिल नहीं हो सकीं, क्योंकि उस समय संसद का सत्र चल रहा था। उन्होंने बैठक में अपनी अनुपस्थिति जताते हुए सीएम को पत्र के माध्यम से जनहित से जुड़े सुझाव समिति के समक्ष रखने का आग्रह किया।
कुमारी सैलजा ने घग्गर के प्रदूषण व कैंसर का मुद्दा उठाया
सीएम को लिखे पत्र में सांसद सैलजा ने पिछली बैठक के लंबित मुद्दों का उल्लेख करते हुए गांव मांगेआना (सिरसा) स्थित भारत-इजऱाइल उत्कृष्टता केंद्र की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट शीघ्र उपलब्ध कराने की मांग की। साथ ही इस केंद्र को महाराणा प्रताप बागवानी विश्वविद्यालय, करनाल का क्षेत्रीय कैंपस घोषित करने के प्रस्ताव पर हुई कार्रवाई से समिति को अवगत कराने को कहा।
अग्रोहा रेल लाइन को शीघ्र स्वीकृति दिलाने का अनुरोध
उन्होंने सिरसा-फतेहाबाद क्षेत्र में बागवानी किसानों की संख्या को देखते हुए अतिरिक्त बजट व संसाधन आवंटित करने तथा तीनों जिलों में चल रहे विकास कार्यों की ताजा प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने पर जोर दिया। रेलवे संबंधी विषयों में कुमारी सैलजा ने अग्रोहा रेल लाइन के लिए पूर्व रेल बजट में किए गए 410 करोड़ रुपयों के प्रावधान का हवाला देते हुए वर्तमान बजट में इसके उल्लेख न होने पर चिंता जताई।
उन्होंने दिशा समिति से रेल मंत्रालय को समर्थन पत्र भेजकर इस परियोजना को आस्था, पर्यटन, कृषि व्यापार और क्षेत्रीय विकास से जोड़ते हुए शीघ्र स्वीकृति दिलाने का अनुरोध करने को कहा। इसके अलावा हांसी-महम रेल लाइन पूर्ण होने के बाद सिरसा-महम-रोहतक वाया नई इंटरसिटी एक्सप्रेस सेवा शुरू करने की मांग भी उठाई। राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं के तहत उन्होंने प्रस्तावित एनएच-709 (चौटाला-पानीपत-मेरठ) का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू कराने, एनएच -703 (जालंधर-तारानगर वाया सिरसा) को प्राथमिकता पर स्वीकृति देने तथा सिरसा दक्षिणी बाईपास को जल्द मंजूरी देने की मांग की।
सिंचाई, पर्यावरण व स्वास्थ्य के मुद्दों पर सैलजा ने सिरसा-फतेहाबाद क्षेत्र में सेम (जलभराव) की स्थायी निकासी के लिए समग्र योजना बनाने, घग्गर नदी में गिरने वाले प्रदूषित नालों की हरियाणा-पंजाब संयुक्त जांच कराने तथा बढ़ते कैंसर मामलों को देखते हुए सिरसा और फतेहाबाद में विशेष कैंसर उपचार केंद्र स्थापित करने की आवश्यकता जताई।
सिरसा शहर के स्थानीय मुद्दों में उन्होंने चतरगढ़ मिनी बाईपास पर प्रस्तावित रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) को शीघ्र स्वीकृति देने, कोर्ट रोड आरओबी को प्राथमिकता पर लागू करने और शहर में धीमी गति से चल रहे सीवर कार्य में तेजी लाने की मांग रखी। साथ ही आरओबी और सीवर निर्माण के दौरान ट्रैफिक व्यवस्था सुचारु रखने के लिए पुराना चतरगढ़ पट्टी फाटक अस्थायी रूप से खोलने का सुझाव भी दिया। सैलजा ने विश्वास जताया कि दिशा समिति बैठक में इन जनहितकारी सुझावों पर गंभीरता से विचार कर संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे।