Mahendra Singh Contractor Hisar fraud Case update
फर्जी बिल मामले और फर्जी वजन पर्ची कर 20.72 लाख रुपए से अधिक की धोखाधड़ी करने के मामले में हिसार पुलिस ने मुंबई में छापेमारी करते हुए धोखाधड़ी के आरोपी को दो पहुंचने में सफलता हासिल की है। हिसार अपराध शाखा द्वारा धोखाधड़ी के मामले में मुंबई से आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम को पुलिस अधीक्षक ने प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया।
फर्जी बिल व वजन पर्ची के आधार पर 20.72 लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में मुंबई निवासी आरोपी गिरफ्तार
आर्थिक अपराध एवं धोखाधड़ी के मामलों में संलिप्त आरोपियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करते हुए आर्थिक अपराध शाखा हिसार की टीम ने 20 लाख 72 हजार 269 रुपये की धोखाधड़ी के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आर्थिक अपराध शाखा की टीम ने मामले में आरोपी मनीष मेहता पुत्र भूपतराय निवासी अंधेरी वेस्ट, मुंबई, महाराष्ट्र को गिरफ्तार किया है।
धोखाधड़ी के आरोपी को गिरफ्तार करने में उप निरीक्षक भगत राम, उप निरीक्षक वेद प्रकाश एवं सिपाही राकेश की महत्वपूर्ण भूमिका रही। मामले के अनुसार शिकायतकर्ता महेन्द्र सिंह निवासी हिसार की M/s Mahendra Singh Contractor नाम से फर्म है, जो Road एवं Bridge Construction का कार्य करती है। शिकायतकर्ता द्वारा आरोपी मनीष मेहता की Cermix नामक फर्म से पूर्व में Bitumen की खरीद-फरोख्त की जाती थी। बाद में Base Oil खरीदने के संबंध में दोनों के बीच बातचीत हुई।
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी द्वारा शिकायतकर्ता को 31,360 किलोग्राम Base Oil भेजने के नाम पर Tax Invoice No. CER/105/24-25 दिनांक 17 मई 2024 भेजा गया, जिसकी कुल राशि 20,72,269 रुपये थी। उक्त बिल के आधार पर शिकायतकर्ता द्वारा आरोपी की फर्म के बैंक खाते में RTGS के माध्यम से पूरी राशि का भुगतान कर दिया गया। भुगतान प्राप्त करने के बाद आरोपी द्वारा शिकायतकर्ता को Base Oil उपलब्ध नहीं करवाया गया तथा राशि भी वापस नहीं की गई।
शिकायतकर्ता द्वारा संबंधित ट्रांसपोर्ट कंपनी से संपर्क करने पर टैंकर भेजे जाने की पुष्टि नहीं हुई। इसके अतिरिक्त, जांच में संबंधित बिल के GST रिकॉर्ड में दर्ज नहीं होने सहित अन्य तथ्यों की भी पुष्टि हुई। इस प्रकार आरोपी द्वारा फर्जी दस्तावेजों के आधार पर धोखाधड़ी कर शिकायतकर्ता की राशि हड़पने का मामला सामने आया।
शिकायत की जांच उप पुलिस अधीक्षक कमलजीत सिंह, हेडक्वार्टर हिसार द्वारा की गई। जांच में संज्ञेय अपराध का होना पाए जाने पर धारा 318(4) BNS के तहत अभियोग दर्ज किया गया। इसके बाद मामले की जांच आर्थिक अपराध शाखा हिसार को सौंपी गई, जिस पर टीम ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए आरोपी को मुंबई से गिरफ्तार किया।
आर्थिक अपराध शाखा की इस प्रभावी कार्रवाई पर पुलिस अधीक्षक हिसार सिद्धान्त जैन ने टीम के सदस्यों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया। एसपी हिसार ने कहा कि आर्थिक अपराधों की जांच में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को प्रोत्साहित किया जाएगा तथा धोखाधड़ी के मामलों में आरोपियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि आर्थिक धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने तथा लोगों की मेहनत की कमाई हड़पने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध हिसार पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। ऐसे मामलों में बैंकिंग लेन-देन, दस्तावेजी साक्ष्य, तकनीकी साक्ष्यों एवं अन्य उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी ढंग से उपयोग कर आरोपियों तक पहुंच बनाई जा रही है।









