Navajat ki maut kharkhoda chikitsak par laparwahi aarop
Kharkhoda News : खरखौदा क्षेत्र में एक प्रसूता के नवजात बच्चे की संदिग्ध हालात में मौत का मामला सामने आया है। परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। खरखौदा पुलिस ने मृतक नवजात के परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!थाना खरखौदा को पुलिस आईएमटी रोहतक स्थित एक निजी अस्पताल से सूचना मिली कि जसौर खेड़ी निवासी शीतल के नवजात की मृत्यु हो गई है। सूचना मिलते ही एएसआई नीरज पुलिस टीम सहित मौके पर पहुंचे।
शीतल के देवर रोमी ने शिकायत में बताया कि शीतल का इलाज खरखौदा स्थित निजी अस्पताल में स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ के पास चल रहा था। 17 अक्तूबर की सुबह करीब 6:30 बजे शीतल को पेन शुरू हुआ और 7:13 बजे अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने दर्द के इंजैक्शन दिए, लेकिन शाम 5 बजे तक डिलीवरी नहीं हुई।
परिजनों के बार-बार अनुरोध के बावजूद डॉक्टरों ने बताया कि सर्जन उपलब्ध नहीं है और अंततः रात करीब 9:30 बजे सर्जरी की गई जो लगभग 15 घंटे की देरी से हुई। डिलीवरी के बाद डॉक्टर और नर्स ने बताया कि बच्चे की हालत गंभीर है और उसे रैफर करना पड़ेगा। बिना किसी रैफरल के दस्तावेज परिजनों को नर्स के साथ एम्बुलैंस से रोहतक के निजी अस्पताल भेजा गया, जहां डॉ. यशवंत ने जांच के बाद रात 11:17 बजे बच्चे को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टर के अनुसार बच्चा मृत अवस्था में ही लाया गया था और उसका शरीर नीला पड़ चुका था।
परिजनों का आरोप है कि महिला डाक्टर और सर्जरी करने वाले चिकित्सक की लापरवाही व देरी के कारण बच्चे की जान गई। उन्होंने यह भी बताया कि एम्बुलैंस में भेजी गई नर्स बिना कुछ बताए रास्ते में ही गायब हो गई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।















