• होम
  • ताजा समाचार
  • हरियाणा
    • फतेहाबाद
    • सिरसा
    • भिवानी
    • सोनीपत
    • रेवाड़ी
    • करनाल
    • कैथल
    • झज्जर
    • गुरुग्राम
    • पानीपत
    • कुरुक्षेत्र
    • अंबाला
    • पलवल
    • चरखी दादरी
    • पंचकूला
    • डबवाली
    • रोहतक
  • हरियाणा राजनीति समाचार
  • अपराध समाचार
  • हांसी
    • नारनौंद
  • हिसार
    • आदमपुर
    • बरवाला
  • ‌जींद
  • प्राचीन सभ्यता
  • सरकार की योजना
  • शिक्षा और रोजगार
  • मौसम
  • खेल समाचार
Menu
  • होम
  • ताजा समाचार
  • हरियाणा
    • फतेहाबाद
    • सिरसा
    • भिवानी
    • सोनीपत
    • रेवाड़ी
    • करनाल
    • कैथल
    • झज्जर
    • गुरुग्राम
    • पानीपत
    • कुरुक्षेत्र
    • अंबाला
    • पलवल
    • चरखी दादरी
    • पंचकूला
    • डबवाली
    • रोहतक
  • हरियाणा राजनीति समाचार
  • अपराध समाचार
  • हांसी
    • नारनौंद
  • हिसार
    • आदमपुर
    • बरवाला
  • ‌जींद
  • प्राचीन सभ्यता
  • सरकार की योजना
  • शिक्षा और रोजगार
  • मौसम
  • खेल समाचार
Facebook Twitter Youtube
Skip to content
  • Home
  • हरियाणा
  • Drinking water crisis deepens in Haryana : पानी के मुद्दे पर पंजाब-हरियाणा में संग्राम, जल संकट बना सियासी
  • हरियाणा

Drinking water crisis deepens in Haryana : पानी के मुद्दे पर पंजाब-हरियाणा में संग्राम, जल संकट बना सियासी

Drinking water crisis deepens in Haryana, Congress leaders target BJP
sunilkohar 10 months ago (Last updated: 10 months ago) 0 comments

Drinking water crisis deepens in Haryana, Congress leaders target BJP

पेयजल किल्लत को लेकर भूपेंद्र हुड्डा, रणदीप सुरजेवाला ने भाजपा सरकार को घेर

हरियाणा में पीने का पानी का संकट लगातार ( Drinking water crisis deepens in Haryana )गहराता जा रहा है। पंजाब हरियाणा के हिस्से का पानी छोड़ने को तैयार नहीं है और हरियाणा सरकार अभी तक पत्राचार करने में लगी हुई है। लेकिन गांव और शहरों में पीने की पानी की किल्लत को लेकर जगह-जगह प्रदर्शन हो रहे हैं। काफी जगह हूं पर तो इतना दूषित पानी की सप्लाई दी जा रही है कि उसे कोई पशु भी ना पिए। इसी को लेकर हिसार जिले के गांव डाटा में भी ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने भी भाजपा सरकार पर जमा कर निशाना साधा।

बीजेपी सरकार हरियाणा के हिस्से का पानी लेने में पूरी तरह विफल साबित हुई है। बीजेपी सरकार के नकारेपन की वजह से प्रदेश के लोगों को जल संकट का सामना करना पड़ सकता है। जल बंटवारे के मुद्दे पर सरकार सर्वदलीय बैठक और विधानसभा का विशेष सत्र बुलाए व पंजाब सरकार पर दबाव बनाए। उक्त बातें पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कही।

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा पेयजल किल्लत को लेकर पत्रकारों से बातचीत करते हुए।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय प्रदेश को अपने हिस्से का पूरा पानी मिलता था। क्योंकि भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड में हरियाणा से तीन-तीन सदस्यों के साथ पूरी भागीदारी सुनिश्चित की जाती थी। जिसमें विशेष तौर पर सिंचाई विभाग के अधिकारी को BBMB का सदस्य नियुक्त किया जाता था। साथ ही कांग्रेस सरकार ने बोर्ड में लगातार SDO और जूनियर इंजीनियर्स की नियुक्तियां की थीं।

BBMB में SE (सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर) हरियाणा से होना चाहिए। उसे भी बीजेपी सरकार नियुक्त नहीं करा पाई। जब हरियाणा के लोग ही बोर्ड में नहीं होंगे तो प्रदेश के अधिकार की बात कौन करेगा।

 

 

मोदी सरकार व पंजाब सरकार ने मिलकर हरियाणा को ‘जल संकट’ में धकेला : रणदीप सुरजेवाला

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस महासचिव एवं सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला ने हरियाणा की भाजपा सरकार व मुख्यमंत्री नायब सैनी पर हमला बोलते हुए कहा कि हरियाणा प्रदेश भयंकर जल संकट से त्राहिमाम है। भाखड़ा का पानी 8,500 क्यूसेक से घटाकर 4,000 क्यूसेक कर दिया गया है। 01 नवंबर, 1966 को हरियाणा के गठन के बाद पहली बार इतना भयंकर ‘जल संकट’ पैदा हुआ है।

रणदीप सुरजेवाला ने हरियाणा के इस अप्रत्याशित जल संकट के कुछ परिणाम बताते हुए कहा कि पूरे हरियाणा में पेय जल की भी किल्लत है। खासतौर से कैथल, कुरुक्षेत्र, अंबाला, जींद, फतेहाबाद, सिरसा, हिसार, रोहतक में तो बूंद-बूंद पीने के पानी के लिए भी लोग तरस रहे हैं।

 

 नायब सैनी हरियाणा के हितों की रक्षा में ‘फेल’ और ‘नाकाम’, BBMB बिजली मंत्रालय के अधीन खट्टर हरियाणा के हितों हेतु कार्यवाही क्यों नहीं करते

उन्होंने कहा कि कैथल में 1,350 क्यूसेक पानी आता था, पर अब घटकर केवल 400 क्यूसेक की सप्लाई हो रही है। हिसार में बरवाला लिंक नहर में 1,500 क्यूसेक पानी की बजाय केवल 350 क्यूसेक पानी की सप्लाई है। फतेहाबाद में केवल 900 क्यूसेक पानी पहुँच रहा है। अंबाला में 2,800 क्यूसेक पानी के मुकाबले अब केवल 1,200 क्यूसेक पानी आ रहा है। लोग प्यास से तड़प रहे हैं। पूरे प्रदेश में टैंकर माफिया हावी है और 1,000 रुपया प्रति टैंकर के हिसाब से वसूली हो रही है। लगभग सभी जल घर सूख चुके हैं या सूखने की कगार पर हैं। भाजपा सरकार व अधिकारियों को यह मालूम ही नहीं कि पानी की सप्लाई कब तक आएगी। भीषण गर्मी में गाँव के तालाब भी लगभग सूख गए हैं और मवेशी प्यासे मरने की कगार पर खड़े हैं।

सुरजेवाला ने कहा कि इतने भारी जल संकट के बीच पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान व हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी केवल बयानबाजी और एक दूसरे को चिट्ठी लिखने में व्यस्त हैं। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के सिर पर सत्ता का नशा चढ़कर बोल रहा है, तो नायब सैनी, जो अक्सर सायकल पर फोटो खिंचवाने में व्यस्त रहते हैं, को समझ ही नहीं आ रहा कि हरियाणा को जलसंकट से उबारने के लिए उन्हें क्या करना चाहिए। उन्होंने कहा कि पिस रहे हैं हरियाणा के भोले-भाले लोग। भगवंत मान की जिद और सत्ता का नशा तथा नायब सैनी का फेलियर व नासमझी दोनों प्रांतों में एक गैरजरूरी टकराव की स्थिति पैदा कर रहा है। आज जब पूरा देश आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होकर खड़ा है, तो पंजाब व हरियाणा में टकराव की स्थिति दोनों प्रांतों के साथ-साथ राष्ट्रहित के विपरीत है। दोनों मुख्यमंत्रियों पर हिंदी की यह कहावत सिद्ध होती है ‘नीम हकीम, खतरा-ए-जान’ ।

उन्होंने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार ने हरियाणा में हो रहे जलसंकट तथा दोनों प्रांतों में पैदा हो रहे टकराव को लेकर पूरी तरह से आँख मूंद ली है और जिम्मेवारी से पल्ला झाड़ लिया है। मोदी सरकार व उसके बिजली मंत्री मनोहर लाल खट्टर व सिंचाई मंत्री सी. आर. पाटिल ने दोनों प्रांतों को लड़ने और मुख्यमंत्रियों के इस टकराव में हरियाणा की जनता को खुद भुगतने के लिए बेहाल छोड़ दिया है। असल में इस सारे संकट के पैदा होने में मोदी सरकार का ही सबसे बड़ा हाथ है।

सुरजेवाला ने कहा कि भाखड़ा नंगल डैम का संचालन “भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (बीबीएमबी) के द्वारा किया जाता है, जिसका गठन भारत सरकार द्वारा किया गया है। इस परियोजना में पंजाब व हरियाणा की पानी तथा बिजली में हिस्सेदारी है। बीबीएमबी बोर्ड में चेयरमैन की नियुक्ति भारत सरकार द्वारा की जाती है। साल 1963 में डैम के निर्माण से साल 2022 तक, यानी 59 साल तक भाखड़ा डैम में मेंबर (इरीगेशन) हरियाणा द्वारा नामित किया जाता था तथा मेंबर (पॉवर) पंजाब द्वारा नामित किया जाता था। 23 फरवरी, 2022 को, मोदी सरकार द्वारा भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड रूल्स, 1974 में संशोधन कर यह सारे अधिकार केंद्र सरकार ने ले लिए। इन रूल्स की प्रतिलिपि संलग्नक A1 संलग्न है।

 

बोले : नीम हकीम, खतरा-ए-जान हरियाणा व पंजाब के मुख्यमंत्रियों की यही असलियत

उन्होंने कहा कि बीबीएमबी में हरियाणा के अधिकारी फरवरी 2025 तक सचिव, बीबीएमबी थे। हरियाणा सरकार ने पत्र लिख श्री मनोहर लाल खट्टर, बिजली मंत्री, भारत सरकार से अनुरोध किया कि यह एक साल और बढ़ा दिया जाए। मनोहर लाल खट्टर ने नायब सैनी की यह मांग ठुकरा दी। हरियाणा सरकार ने भारत सरकार के बिजली मंत्रालय को बाकायदा एक फाईल भेज रखी है, कि सिंचाई विभाग के ईआईसी को बीबीएमबी के मेंबर (इरीगेशन) टेंपरेरी का कार्यभार दे दिया जाए। श्री मनोहर लाल खट्टर के बिजली मंत्रालय ने आज तक उसे भी मंजूरी नहीं दी। जब हरियाणा के अधिकारी ही नहीं होंगे, न मेंबर (इरीगेशन) होगा, न सचिव बीबीएमबी को एक्सटेंशन देंगे और न ही हरियाणा के अधिकारी को बीबीएमबी में टेंपरेरी चार्ज देंगे, तो हरियाणा के हितों की रक्षा कौन करेगा? नायब सैनी चुप्पी साधे हैं और मनोहर लाल खट्टर का बिजली मंत्रालय तथा मोदी सरकार हरियाणा के हितों को लेकर पूरी तरह से उदासीन है।

सुरजेवाला ने कहा कि सरदार भगवंत मान की झूठी हठधर्मिता व ‘कैकेयी’ की तरह की जा रही जिद न तो किसी कानूनी अधिकार पर टिकी है और न ही किसी समझौते के आधार पर। भाखड़ा डैम परियोजना में हरियाणा का लगभग 32 प्रतिशत हिस्सा है और उसे 4.4 मिलियन एकड़ फुट पानी मिलना चाहिए।भाखड़ा डैम परियोजना में 21 मई से 20 सितंबर तक का समय, ‘डैम वॉटर फिलिंग पीरियड’ माना जाता है। 21 सितंबर से 20 मई तक का समय ‘डैम वॉटर डिप्लीशन पीरियड’ माना जाता है। अक्सर बर्फ मई के शुरू में ही पिघल जाए, तो पानी पहले ही आना शुरू हो जाता है। भाखड़ा डैम में इस समय 1,556 फीट पानी है। डैम का पानी मापदंडों के अनुसार 1,506 फीट तक जा सकता है। अगर हरियाणा को हर रोज 8500 क्यूसेक पानी दे दिया जाए, तो 21 मई तक डैम की मौजूदा वॉटर लेवल 1556 फीट से 1532 फीट तक ही पहुँचेगा। यानी तब भी डैम के निर्धारित मिनिमम वॉटर लेवल, जो 1506 फीट है, उससे 26 फीट ऊपर पानी रहेगा। पानी छोडने का निर्णय भारत सरकार के बिजली मंत्रालय यानी बीबीएमबी बोर्ड का है। यह निर्णय पंजाब व हरियाणा की सरकारों का नहीं हो सकता। पंजाब को केवल यह अधिकार है कि वह अपने हिस्से का पानी ले ले, श्री भगवंत मान हरियाणा के हिस्से के पानी का निर्णय नहीं कर सकते। यह निर्णय बीबीएमबी बोर्ड का है।

उन्होंने कहा कि बीबीएमबी बोर्ड की टेक्निकल कमिटी ने 23 अप्रैल, 2025 को हरियाणा को 8,500 क्यूसेक पानी देने का निर्णय लिया है। तो फिर पंजाब के सिंचाई सचिव 28 अप्रैल को व पंजाब के मुख्यमंत्री, श्री भगवंत मान को बयान देकर हरियाणा को पानी देने से इंकार करने का कोई औचित्य नहीं है और न ही ऐसा कोई अधिकार है। भाखड़ा डैम से छोड़े जाने वाला पानी नंगल हाईडल चैनल से गुजरता है, जो रोपड़ तक बीबीएमबी के अधीन है। उसके बाद यह पानी ‘भाखड़ा मेन लिंक चैनल’ (बीएमएल चैनल) के माध्यम से पंजाब से निकलकर हरियाणा तक पहुँचता है। श्री भगवंत मान को बीएमएल चैनल से हरियाणा तक पानी ले जाने को रोकना गैरकानूनी भी है और असंवैधानिक भी। भगवंत मान और पंजाब सरकार का यह निर्णय अराजकता फैलाने वाला है, जिसे स्वीकार किया नहीं जा सकता। यह सीधे-सीधे दादागिरी है।

सुरजेवाला ने कहा कि भारत सरकार मौन क्यों है? बीबीएमबी बोर्ड भारत सरकार का है। यह बिजली मंत्रालय के अधीन है, जिसके मंत्री, श्री मनोहर लाल खट्टर हैं। तो वह हरियाणा की जायज मांगों को मानकर हरियाणा के हितों की रक्षा क्यों नहीं कर रहे? भारत सरकार व बिजली मंत्रालय ने कानून बदलकर हरियाणा का बीबीएमबी में मेंबर (इरीगेशन) नियुक्त करने का अधिकार क्यों खत्म कर दिया? भारत सरकार व बिजली मंत्रालय ने हरियाणा के अधिकारी को, जो सचिव, बीबीएमबी के पद पर नियुक्त थे, उन्हें एक्सटेंशन देने से इंकार क्यों कर दिया? भारत सरकार व बिजली मंत्रालय ने हरियाणा के ईआईसी को बीबीएमबी के मेंबर (इरीगेशन) का प्रभार क्यों नहीं दिया? मुख्यमंत्री नायब सैनी आज तक मनोहर लाल खट्टर से क्यों नहीं मिले और हरियाणा के हितों की रक्षा की गुहार क्यों नहीं लगाई? नायब सैनी ने बीबीएमबी में हरियाणा के अधिकारों को खत्म करने वाले कानूनों का विरोध क्यों नहीं किया? नायब सैनी बीबीएमबी से हरियाणा के हक का पानी क्यों नहीं दिलवा पा रहे?

सुरजेवाला ने भाजपा सरकार से मांग करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अगले 24 घंटों में ही पंजाब व हरियाणा के मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाएं, जिसमें भारत सरकार के बिजली व सिंचाई मंत्री भी बुलाए जाएं। प्रधानमंत्री हरियाणा के हक का 8,500 क्यूसेक पानी बीबीएमबी से हरियाणा को दिलवाएं। प्रधानमंत्री मोदी पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान व पंजाब सरकार को स्पष्ट हिदायत दें कि वो हरियाणा के पानी को ले जाने में कोई अवरोध न डालें। जरूरत हो तो भारत सरकार संविधान के आर्टिकल 257 में जरूरी हिदायत जारी करे।

वहीं मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के जल वितरण बयान को आश्चर्यजनक बताया। कहा—26 अप्रैल को उन्होंने खुद श्री मान को फोन कर बताया था कि BBMB की टेक्निकल कमेटी ने पंजाब, हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान को पानी छोड़ने का जो फैसला लिया था, उस पर पंजाब के अधिकारी अमल नहीं कर रहे।

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी द्वारा पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को लिखा गया पत्र।

सैनी ने कहा कि मान ने उन्हें भरोसा दिलाया था कि वे तुरंत अधिकारियों को निर्देश देकर अगले दिन सुबह तक उन द्वारा क्रियान्वयन सुनिश्चित करेंगे। लेकिन 27 अप्रैल दोपहर 2 बजे तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। हरियाणा अधिकारियों के कॉल्स तक नहीं उठाए गए। इसके बाद उन्हें पत्र भेजा गया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वे हैरान हैं कि 48 घंटे तक उनके पत्र का जवाब देने की बजाय मान ने एक वीडियो जारी करके पंजाब में अपनी राजनीति चमकाने के लिए तथ्यों को दरकिनार करते हुए देश की जनता को भ्रमित करने का ओछा प्रयास किया है।


About the Author


sunilkohar

Administrator


Visit Website


View All Posts

Like this:

Like Loading...

Post navigation

Previous: Jind News : चाबरी बस स्टैंड के पास एक्सीडेंट, गाड़ी ने बाईक सवार को मारी टक्कर
Next: Geeta Chowk Accident : हांसी में ऑटो की टक्कर से बाइक सवार घायल, डयूटी पर जाते समय हादसा

Related News

img_20260207_0837062078069380974438081
  • मौसम
  • ‌जींद
  • हरियाणा
  • हांसी
  • हिसार

Haryana weather अपडेट: किसानों के लिए परेशानी, फिर बदलेगा हरियाणा में मौसम का मिजाज

sunilkohar 1 day ago 0
  • अपराध समाचार
  • ताजा समाचार
  • फतेहाबाद
  • भिवानी
  • सिरसा
  • हरियाणा

Haryana Crime Update: भिवानी से गाड़ी चोरी; फतेहाबाद ब्लाइंड मर्डर का खुलासा, सिरसा से भैंस चोरी की वारदातें कबूली

sunilkohar 2 days ago 0
  • हरियाणा
  • ताजा समाचार

Surajkund Mela Incident: सूरजकुंड मेले में बड़ा हादसा; एक की मौत, दर्जन से अधिक गंभीर, जिम्मेदार कौन ?

sunilkohar 2 days ago 0
Abtak Haryana News

Latest News Today

FB_IMG_1770684185661

निवेश के नाम पर धोखाधड़ी का खुलासा: साइबर ठगों ने 23.89 लाख का लगाया चूना – Fatehabad News

Screenshot_2025_0701_111423

SMAM Scheme : किसानों को आधुनिक कृषि यंत्रों पर मिलेगी 50 प्रतिशत सब्सिडी; इस दिन तक करें आवेदन

09 DIPRO Photo 06

Hisar News : हिसार में 28.11 करोड़ रुपये की लागत से होगी बरसाती जल निकासी; कैबिनेट मंत्री गंगवा ने किया शिलान्यास

Screenshot_2026_0209_171506

दुल्हा-दुल्हन की गाड़ी एक्सीडेंट, जींद बजरी से भरा ट्रक दुल्हे की कार पर पलटा – Jind Haryana News

Screenshot_2026_0121_165043

Narnaund Police: पेटवाड़ हादसे में आरोपी चालक गिरफ्तार, फीड मिल हादसे में बच्चे की मौत का मामला

Author Profile

Abtak Haryana News

Abtak Haryana

लाखों पाठकों की पहली पसंद Abtak Haryana News: हरियाणा की Best News website पर न्यूज और विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें - 7015156567 सुनील कोहाड़़
Facebook Twitter LinkedIn Instagram Youtube

Crime News Today

FB_IMG_1770684185661

निवेश के नाम पर धोखाधड़ी का खुलासा: साइबर ठगों ने 23.89 लाख का लगाया चूना – Fatehabad News

February 10, 2026
Screenshot_2026_0208_222743

हांसी प्रॉपर्टी डीलर हत्याकांड अपडेट: तीन गिरफ्तार, एक पुलिस रिमांड पर – Hansi News

February 8, 2026
Haryana Crime Update: भिवानी से गाड़ी चोरी; फतेहाबाद ब्लाइंड मर्डर का खुलासा, सिरसा से भैंस चोरी की वारदातें कबूली

Haryana Crime Update: भिवानी से गाड़ी चोरी; फतेहाबाद ब्लाइंड मर्डर का खुलासा, सिरसा से भैंस चोरी की वारदातें कबूली

February 8, 2026
Screenshot_2026_0208_065443

जींद में अवैध हथियारों का जखीरा मिला: गतौली रामकली रोड़ पर अवैध पिस्तौलों सहित युवक को दबोचा – Jind Haryana

February 8, 2026
Screenshot_2026_0208_055804

Hansi Firing News: हांसी में देर रात चली गोली; नारनौंद रोड़ पर फायरिंग, प्रॉपर्टी डीलर मर्डर केस के आरोपी ने पुलिस पर की फायरिंग

February 8, 2026
Abtak Haryana News© 2025 Haryana News. All Rights Reserved.

Like this:

Like Loading...
 

    %d