Verification: eefe237ed2c24d7f

Absconding army jawan : फरार सेना के जवान व नशा तस्कर का नहीं लगा सुराग, फरारी पुलिस के लिए बनी सिरदर्द

0 minutes, 5 seconds Read

No trace of absconding army jawan and drug smuggler, absconding becomes headache for police

Haryana News Today : एक ओर जहां सेना के सिपाही की फरारी के‌ बाद से पुलिस व सेना तलाश कर रही है, वहीं राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) सीआइए की हिरासत से फरार चरस तस्कर का भी कोई सुराग हाथ नहीं लगा है। सिपाही जहां करीब ढाई माह से फरार है, वहीं चरस तस्कर बीते दिनों कर्मचारियों को गच्चा देकर फरार हुआ था।

दोनों मामलों में पुलिस खाली हाथ है, जबकि तस्कर के आरोपित की फरारी के मामले में जीआरपी सीआइए के एसआइ सहित चार अन्य कर्मचारियों पर जहां कार्रवाई की तलवार लटकी है, वहीं तस्कर भी फरारी का केस दर्ज है। बता दें कि इससे पहले भी अंबाला में पुलिस हिरासत से आरोपित के फरार होने के मामले सामने आए हैं।

ढाई माह से सेना कर रही सिपाही की तलाश, पुलिस

भी जुटी : परमिंदर सिंह निवासी गांव सराभा, तहसील प‌ट्टी, जिला तरनतारन पंजाब गांव सराभा, तहसील पट्टी, जिला तरनतारन पंजाब सेना में बतौर सिपाही के पद पर तैनात है। चंडीमंदिर में तैनाती के दौरान उसने सेना के आफिसर की पत्नी व उसकी नाबालिग भतीजी से छेड़खानी की थी। इसी पर स्थानीय पुलिस में छेड़खानी और पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। आरोपित का जनरल कोर्ट मार्शल किया जा रहा था। उसे अंबाला में राकेट रेजिमेंट के क्वार्टर गार्ड में रखा गया था, जिसे बाद में दूसरी राकेट रेजिमेंट (कारगिल) में ट्रांसफर किया गया था। उसे 28 सितंबर को अंबाला कैंट लाया गया था। उसे जिस दिन जनरल कोर्ट मार्शल के तहत सजा सुनाई जानी थी, उसी दिन वह कार में फरार हो गया था। यह सारी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई थी, जबकि पड़ाव थाना ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज किया था ।कार के बारे में जानकारी तो मिल गई, लेकिन उस दौरान कौन शामिल थे, इसका आज तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस टीम आरोपित के घर तक पहुंची, लेकि नवहां पर भी यही बताया गया कि परमिंदर के बारे में उनको कुछ पता नहीं है। जांच अधिकारी का कहना है कि अभी तलाश जारी है, जबकि कोई सुराग नहीं लगा है।

सिरदर्द बनी चरस तस्कर की फरारी

राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) के सीआइए स्टाफ की लापरवाही से फरार हुए चरस तस्कर नरेंद्र निवासी मंडी हिमाचल प्रदेश की फरारी पुलिस के लिए सिरदर्द बन गई है। इस मामले में एसआइ समेत पांच पुलिस कर्मचारियों पर केस दर्ज है और विभागीय कार्रवाई की तलवार लटकी है। इस बारे में एसपी जीआरपी नेभी रिपोर्ट मांग रखी है। अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन के मुख्य गेट के सामने रखे आर्मी के डमी टैंक के पीछे से आरोपित को दबोचा था। यहां से हिरासत में लेने के बाद उसके बैग से 400 ग्राम चरस बरामद हुई थी। बताया जाता है कि यह चरस उसने गोवा और महाराष्ट्र में पहले भी सप्लाई करता रहा है। नरेंद्र को पूछताछ के लिए सीआइए स्टाफ ने रखा था। बुधवार की रात को नरेंद्र ने बताया कि लघुशंका का बहाना बनाया और मौका पाकर परार हो गया। एसएचओ जीआरपी धर्मवीर सिंह का कहना है कि अभी आरोपित का कोई सुराग नहीं लग पाया है, जबकि तलाश जारी है।

📢 हरियाणा की हर ब्रेकिंग न्यूज़ सबसे पहले पाने के लिए हमारा WhatsApp Channel अभी जॉइन करें।

📲 WhatsApp Channel Join करें

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *