Power outage in Sirsa, the home district of Power Minister Ranjit Singh, angry farmers sit on dharna
20 दिन पहले निकाला था नया एपी फीडर, एक सप्ताह से विद्युत व्यवस्था ठप, आक्रोशित किसानों ने लगाया धरना
सब स्टेशन के बाहर धरना प्रदर्शन करते किसान।
हरियाणा न्यूज ओढां, राज : बिजली मंत्री के गृह जिले सिरसा के गांव चोरमार खेड़ा में स्थित 33 केवी सब स्टेशन से निकलने वाले नए एपी फीडर की आपूर्ति सुचारू रूप से न होने से आक्रोशित गांव ओढां व जलालआना के किसानों व ढाणियों में रहने वाले लोगों ने सब स्टेशन के गेट के सामने धरना लगाकर रोष व्यक्त किया। उन्होंने विभाग के खिलाफ रोष व्यक्त करते हुए कहा कि विद्युत आपूर्ति न होने के चलते उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं मौके पर मौजूद विभाग के जेई ने कर्मचारी न होने का हवाला देते हुए कहा कि कर्मचारियों के बगैर फीडर की आपूर्ति बहाल किस तरह से होगी। लोगों ने करीब 6 घंटे तक धरना लगाए रखा। जिसके बाद अधिकारियों द्वारा फोन पर आश्वासन दिए जाने के बाद उन्होंने धरना समाप्त किया।
नए फीडर पर चलती हैं ओढां, जलालआना व चकेरियां की करीब 150 मोटरों व 30 ढाणियों की सप्लाई
धरना प्रदर्शन कर रहे राजपाल मल्हान, हीरा सिंह कुंडर, पलविंद्र सिंह, अमरीक सिंह, आत्मा सिंह, रेशम सिंह, बलवीर सिंह व नछत्र सिंह आदि ने बताया कि विभाग ने करीब 20 दिन पूर्व ओढां के साथ चलने वाले एपी फीडर को अलग कर चोरमार 33 केवी सब स्टेशन से बाला जी एपी फीडर के नाम से नया एपी फीडर निकाला था। इस फीडर से ओढां, जलालआना व चकेरियां गांवों के खेतों, ढाणियों व होटलों को आपूर्ति मिलती है। फीडर पर करीब 150 मोटरें पड़ती हैं। लेकिन ये फीडर सुचारू रूप से चला ही नहीं। ऐसे में जहां किसानों को धान की रोपाई व फसलों की सिंचाई में भारी परेशानी का आ रही है तो वहीं ढाणियों तथा होटल संचालकों को भी समस्या से जूझना पड़ रहा है। ढाणियों में रहने वाले लोगों की रात की नींद व दिन का चैन हराम हो गया है। उन्होंने बताया कि पिछले करीब एक सप्ताह ये समस्या आ रही है। ऐसे में न तो अधिकारी फोन उठा रहे हैं और न ही कर्मचारी कोई संतुष्टिजनक जवाब दे रहे। जिसके चलते उन्हें मजबूरन धरना लगाना पड़ा।
मैं अकेला क्या करूं :-
मौके पर पहुंचे विभाग के जेई जोगिन्द्र कुमार ने कर्मचारी न होने का हवाला देते हुए कहा कि फीडर लाइन करीब 30 किलोमीटर लंबी है। बरसात के बाद वृक्षों की टहनियों के चलते फीडर की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इसके अलावा भी फीडर पर रिपेयरिंग सहित अन्य कार्य शेष है। फीडर पर करीब 100 एंपियर लोड होता है। वहीं टहनियों की कटाई होनी भी जरूरी है। उनके पास मात्र 2 कर्मचारी हैं। ये कर्मचारी खंभे पर चढऩे से इनकार कर रहे हैं। इसलिए मैं अकेला क्या कर सकता हूं। मैं तो खुद इस व्यवस्था से परेशान हो कर रह गया हूं। विभाग को चाहिए कि कर्मचारियों की नियुक्ति करे।
किसान बोले : अधिकारियों को नहीं किसानों की समस्या से सरोकार :-
किसान राजपाल मल्हान, हीरा सिंह व पलविन्द्र सिंह ने बताया कि एक तरफ तो विद्युत मंत्री ये कह रहे हैं कि लोगों की विद्युत संबंधी समस्याओं को दरकिनार करने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और दूसरी तरफ स्थिति ये है कि वे पिछले एक सप्ताह से इस समस्या से जूझ रहे हैं, लेकिन सुनवाई करने वाला कोई नहीं है। एक्सईएन डबवाली फोन नहीं उठाते और एसडीओ रोड़ी ये कहकर टरका देते हैं कि उनके पास क्षेत्र का स्थाई चार्ज नहीं है। अधिकारियों को उनकी समस्या से कोई सरोकार नहीं है। ऐसे में किसान अपनी समस्या किसके सामने रखें। करीब 6 घंटे के धरना प्रदर्शन उपरांत एक्सईएन व एसडीओ के आश्वासन पर किसानों ने धरना समाप्त किया।
बरसात के बाद वृक्षों की टहनियों की वजह से दिक्कत आई। जेई व अन्य कर्मचारियों को मौके पर भेज दिया गया है। टहनियों की कटाई व अन्य कार्य किया जा रहा है। जल्द ही आपूर्ति सुचारू करवा देंगे।