Jeevan Kundu Murder Case panchayat decision in Hisar News
Hisar News: हिसार में डेयरी संचालक जीवन हत्याकांड में आरोपी की गिरफ्तारी ना होने और किसान नेताओं की गिरफ्तारी से आक्रोशित जीवन कुंडू न्याय संघर्ष समिति ने रविवार को महापंचायत बुलाई है। हिसार महापंचायत के दौरान ही सरकार की तरफ से कमेटी को वार्ता के लिए मुख्यमंत्री ने बुला लिया। मां पंचायत के दौरान फैसला लिया गया कि अगर वार्ता सफल नहीं कोई तो किसान सड़कों पर जाम लगा देंगे। इस महापंचायत में कांग्रेस सांसद, विधायक और खाप पंचायतों के अलावा विपक्षी दलों के नेता भी पहुंचे।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!पुलिस और किसानों के बीच भिड़ंत
हांसी में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पुलिस और किसानों के बीच भिड़ंत के बाद रविवार को हिसार लघु सचिवालय पर चल रहे धारणाएं स्थल पर महापुर पंचायत बुलाई गई थी। महापंचायत में पहुंचे अनेक खापों के प्रतिनिधि सहित अन्य गणमान्य लोग अपने विचार रख रहे थे कि इसी दौरान सरकार ने कमेटी को बातचीत का निमंत्रण भेजा कि सोमवार को चंडीगढ़ में जीवन कुंडू न्याय संघर्ष समिति की सीएम से मुलाकात होगी। वहीं पंचायत में फैसला लिया गया अगर बातचीत सिरे नहीं चढ़ी तो वह हिसार-दिल्ली, हिसार-सिरसा और हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे जाम करेंगे।
हांसी उपद्रव मामले में गिरफ्तार किसानों को भेजा भोंडसी जेल

वहीं, हांसी पुलिस द्वारा पकड़े गए किसानों पर उपद्रव फैलाने सहित विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज मामले में गिरफ्तार किए गए 10 किसान नेता शमशेर सिंह नंबरदार, सुरेश कौथ, सुरेंद्र पड़ाव चौक हिसार, सुभाषचंद्र गांव नहला, सतपाल लाडवा, सुमित गांव चिड़ी रोहतक, रणबीर गांव उमरा, वजीर सिंह लाडवा, जगमहेंद्र बहु अकबरपुर, सुलेंद्र गांव किनाला को रविवार को कड़ी सुरक्षा के बीच पुलिस ने कोर्ट पेश किया जहां से उनको 14 दिन के न्यायिक हिरासत में भोंडसी जेल भेज दिया है।
नेहरू कॉलेज हांसी में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह
नेहरू कॉलेज हांसी में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्यमंत्री के ध्वजारोहण से ठीक पहले हांसी पुलिस-किसानों के बीच टकराव हो गया। दोनों तरफ से पत्थर बाजी की गई। पुलिस ने भी प्रदर्शनकारियों पर जमकर लाठियां भांजी। इस दौरान की एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। जिसमें हांसी पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार को प्रदर्शनकारियों पर पत्थर फेंकते हुए नजर आ रहे हैं। वही एक सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में भी सीआईएफ पुलिस के इंस्पेक्टर कप्तान सिंह एक-47 राइफल लेकर गोली चलाने की धमकी देते हुए दिखाई पड़ रहे हैं।
पुलिस का आरोप: ट्रैक्टर चढ़ाने और पथराव करने की कोशिश

पुलिस में दर्ज मामले के मुताबिक जीवन कुंडू हत्याकांड को लेकर करीब 12 दिनों से विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों ने प्रशासनिक चेतावनियों को दरकिनार करते हुए सिसाय पुल नाके पर तैनात पुलिस पर ट्रैक्टर चढ़ाने और भारी पथराव करने की कोशिश की। इस हिंसक हमले में हांसी के पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार सहित कई पुलिसकर्मियों को चोटें आई हैं। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को लाठीचार्ज कर उग्र भीड़ को तितर-बितर करना पड़ा।
पुलिस के मुताबिक हांसी में स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त की सुबह करीब 6:40 बजे ट्रैक्टर-ट्रॉलियों व अन्य वाहनों में सवार होकर करीबन 150 से 200 लोगों की भीड़ स्वतंत्रता दिवस समारोह स्थल की ओर बढ रहे थे। जब कार्यकारी मजिस्ट्रेट उदयवीर झाझड़िया, उप पुलिस अधीक्षक (अपराध) रविंद्र सांगवान और थाना प्रबंधक (शहर हांसी) निरीक्षक सुखजीत सिंह ने भीड़ को समझाने का काफी प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी नहीं माने।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट के आदेश पर लाठीचार्ज

पुलिस के मुताबिक उपद्रवियों द्वारा पुलिस को धमकी दी कि तुम सभी उनके रास्ते से हट जाओ, नहीं तो हम तुम पर ट्रैक्टर चढ़ाकर जान से मार देंगे और किसी भी कीमत पर मुख्यमंत्री को आज शहर हांसी में ध्वजारोहण नहीं करने देंगे। भीड़ के लगातार हिंसक होने और बैरिकेड्स तोड़कर पुलिसकर्मियों पर जान से मारने की नीयत से ट्रैक्टर चढ़ाने की कोशिश के बाद, ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 16 व 17 के तहत शक्तियों का प्रयोग करते हुए लाठीचार्ज के आदेश दिए। पुलिस बल ने हल्का बल प्रयोग कर भीड़ को डाटा रोड कैंची तक खदेड़ दिया।

हांसी शहर थाने में दर्ज मुकदमे के मुताबिक इसी बीच सूचना मिलते ही हांसी एसपी विनोद कुमार भारी पुलिस बल के साथ कैंची चौक पहुंच गए। इसी दौरान उपद्रवियों ने दोबारा पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। एसपी विनोद कुमार ने खुद आगे होकर जवानों का मनोबल बढ़ाते हुए भीड़ को तितर-बितर कराया, जिसके बाद मुख्यमंत्री का ध्वजारोहण कार्यक्रम शांतिपूर्ण संपन्न हो पाया।
हांसी में इन किसान नेताओं पर केस दर्ज
हांसी पुलिस ने सिटी थाना में सुरेश कौथ, अनिल बालकिया, रोशनलाल पाबड़ा, नरेन्द्र कुंडू (कंडूल), रामफल प्रधान (पंचग्रामी), अमरजीत कुंडू (किनाला), रवि (पूर्व सरपंच फरीदपुर), अजीत पूनियां (खरकड़ी), महेंद्र सिहाग (सेवानिवृत्त SI), रामकेश (जिला पार्षद फरीदपुर), वारिश सिंधु, रोहताश (किसान नेता डाटा), दयानन्द उर्फ दाना (दूहन, चैनत), शमशेर (नंबरदार लाडवा) को नामजद कर हिरासत में लिया है।
किसानों पर इन धाराओं के तहत मामला दर्ज
इन किसान नेताओं और प्रदर्शनकारियों पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 (1) (हत्या का प्रयास), 152 (देश की संप्रभुता/अखंडता को खतरा), 189(6), 190, 191(2), 191(3) (दंगा भड़काने), 121, 223, 132, 221, 351 (3), धारा 2 व 3 राष्ट्रीय सम्मान अपमान निवारण अधिनियम 1971, धारा 3 PDPP Act 1984 के तहत मामला दर्ज करके 10 लोगों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की गई है।
हिसार पुलिस का एक्शन
हिसार चंडीगढ़ मार्ग पर बरवाला के बाडो पट्टी टोल पर जाम लगाने पर लोगों व प्रदर्शनकारियों पर बरवाला थाना में केस दर्ज किया गया है।












